बुधवार, फ़रवरी 09, 2011

***प्यार को निभाना, बड़ी ही टेडी खीर है***

प्यार का प्रचार सभी, करते मगर हाँ,
प्यार को निभाना, बड़ी ही टेडी खीर है.........

तुम प्यार करो, हजारो या एक से,
तुझे प्यार मिले, ये तेरी तकदीर है...........

वादों और कसमों से, जीवन गुजरता नही,
शादी वाद सामने आती, सच्ची तस्वीर है.............

प्यार को खेल ओ खिलवाड़ ना बनाइए,
आग का दरिया है, तेज शमशीर है..........

सपनों के नित नये बनाता है ताज महल,
"दीवाना" नये ख़्वाबों की, ये ताबीर है............

प्यार जिसने पा लिया, वो रंक नही राजा है,
प्यार जिसने खो दिया वो नही अमीर है.........